अंतरराष्ट्रीय जू से लगे बागजाला में आखिरकार चला वन विभाग का बुल्डोजर, जू ना होता तो वन विभाग नहीं जागता

sashakat uttarakhand

आठ अवैध निर्माण पर की कार्रवाई भूमाफियाओं को चिन्हित करेगा प्रशासन

Encroachment reserv forest

अंतरराष्ट्रीय जू से लगे बागजाला में आखिरकार चला वन विभाग का बुल्डोजर, जू ना होता तो वन विभाग नहीं जागता
अंतरराष्ट्रीय जू से लगे बागजाला में आखिरकार चला वन विभाग का बुल्डोजर, जू ना होता तो वन विभाग नहीं जागता

हल्द्वानी के गौलापार बागजाला में वन भूमि में किए गए अतिक्रमण पर आखिरकार शनिवार को वन विभाग और प्रशासन की जेसीबी गरज ही गई। यहां कई अवैध निर्माण ध्वस्त कर दिए गए हैं। जबकि अन्य पर कार्यवाही जारी है। इस कार्यवाही से अतिक्रमणकारियों में हड़कंप मचा रहा। इस दौरान पुलिस फोर्स तैनात रही।
बता दें कि गौलापार के बागजाला में वन भूमि पर बड़े स्तर पर अवैध कब्जे कर लिए गए। इस सबसे वन विभाग भी जानबूझ कर अनभिज्ञ बना रहा।

हालात ये  थे कि अंतरराष्ट्रीय चिड़ियाघर की चहारदीवारी न होती तो इस मेगा प्रोजेक्ट की भूमि पर भी माफियाओं के कब्जा होने की आशंका थी। यहां लीज अवधि खत्म होने के बाद न तो लोगों ने लीज नवीनीकरण कराया और न ही वन भूमि को खाली किया है।


इसी तरह सौ हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रफल में वन भूमि पर कब्जा हो चुका है। बकायदा स्टॉम्प के माध्यम से भूमि की खरीद-फरोख्त कर दी गई।  इस बीच वन विभाग अतिक्रमणकारियों से भूमि खाली कराने की तैयारी में जुट गया। इसे लेकर हाल में वन विभाग की टीम ने इलाके में ड्रोन सर्वे भी किया है। इसके अलावा जो निर्माण काम हुए हैं। उनकी जीआई मैपिंग भी कर रहा है। जेसीबी के माध्यम से कई अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर दिया गया है।