सशक्त उत्तराखण्ड,रुद्रपुर। शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर धर्म, आस्था, श्रद्धा और सनातन संस्कृति के प्रति समर्पण का भाव निरंतर देखने को मिल रहा है। माँ भगवती की आराधना के इस पवित्र पर्व पर रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र में विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक कार्यक्रमों के माध्यम से भक्तजन माँ दुर्गा की उपासना कर रहे हैं। इसी क्रम में नवरात्रि के पाँचवें दिन रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र के खेड़ा स्थित श्री संतोषी माता मंदिर में भाजपा जिला मंत्री एडवोकेट प्रमोद मित्तल ने कन्या पूजन कर माँ भगवती का आशीर्वाद प्राप्त किया तथा समस्त क्षेत्रवासियों के सुख, समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की।
कार्यक्रम के दौरान एडवोकेट प्रमोद मित्तल ने श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ नन्ही कन्याओं का पूजन किया तथा उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने कन्याओं को माँ भगवती का स्वरूप मानते हुए उनके प्रति सम्मान और स्नेह प्रकट किया। मंदिर परिसर में भक्तिमय वातावरण के बीच माँ संतोषी के दर्शन कर उन्होंने सभी के जीवन में सुख-शांति, उत्तम स्वास्थ्य और समृद्धि बनाए रखने की प्रार्थना की।
इस अवसर पर एडवोकेट प्रमोद मित्तल ने कहा कि नवरात्रि केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, नारी शक्ति, संस्कारों और सामाजिक समरसता का प्रतीक है। सनातन धर्म में नारी को शक्ति का स्वरूप माना गया है और कन्या पूजन के माध्यम से हम छोटी-छोटी बेटियों में माँ दुर्गा के स्वरूप का दर्शन करते हैं। यह परंपरा हमें सिखाती है कि बेटियों का सम्मान केवल धार्मिक अनुष्ठानों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि हमारे व्यवहार, विचार और सामाजिक जीवन में भी दिखाई देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि माँ दुर्गा के नौ स्वरूप नारी शक्ति की अद्भुत महिमा का संदेश देते हैं। नारी परिवार की आधारशिला होने के साथ-साथ समाज और राष्ट्र के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। आज बेटियाँ शिक्षा, चिकित्सा, विज्ञान, खेल, प्रशासन, सेना और राजनीति सहित प्रत्येक क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। ऐसे में हमारा दायित्व है कि हम बेटियों को आगे बढ़ने के लिए समान अवसर प्रदान करें तथा उनके सपनों को साकार करने में सहयोगी बनें।
प्रमोद मित्तल ने कहा कि प्रत्येक परिवार को अपनी बेटियों को अच्छे संस्कार, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित वातावरण प्रदान करने का संकल्प लेना चाहिए। बेटा और बेटी दोनों परिवार एवं समाज के लिए समान रूप से महत्वपूर्ण हैं। जब बेटियों को सम्मान, प्रोत्साहन और अवसर मिलते हैं, तभी एक सशक्त परिवार, जागरूक समाज और विकसित राष्ट्र का निर्माण संभव होता है। उन्होंने सभी क्षेत्रवासियों से आह्वान किया कि वे बेटियों के सम्मान, सुरक्षा और शिक्षा को अपनी प्राथमिकता बनाएं तथा समाज में व्याप्त भेदभाव को समाप्त करने में अपनी भूमिका निभाएं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश में महिला सशक्तीकरण को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों ने बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने और उन्हें शिक्षा एवं विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण संदेश दिया है। हमें इन प्रयासों को सामाजिक स्तर पर आगे बढ़ाते हुए प्रत्येक बेटी को आत्मनिर्भर, शिक्षित और सशक्त बनाने की दिशा में कार्य करना चाहिए।
एडवोकेट प्रमोद मित्तल ने कहा कि धार्मिक आयोजनों का वास्तविक उद्देश्य समाज में सद्भाव, सेवा, संस्कार और मानवीय मूल्यों को मजबूत करना है। नवरात्रि के दौरान माँ भगवती की आराधना के साथ-साथ हमें अपने जीवन में अच्छे विचारों को अपनाने, जरूरतमंदों की सहायता करने, महिलाओं का सम्मान करने और समाज में आपसी प्रेम एवं भाईचारे को बढ़ावा देने का संकल्प भी लेना चाहिए। धार्मिक आस्था तभी सार्थक होती है, जब उसके माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन आए और प्रत्येक व्यक्ति के मन में सेवा एवं सहयोग की भावना विकसित हो।
उन्होंने माँ संतोषी से प्रार्थना की कि उनकी कृपा समस्त रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र एवं प्रदेशवासियों पर बनी रहे। सभी परिवारों में सुख-शांति, स्वास्थ्य, समृद्धि और खुशहाली का वास हो तथा समाज में प्रेम, सद्भाव और एकता की भावना निरंतर मजबूत होती रहे।
इस दौरान एडवोकेट प्रमोद मित्तल के साथ उनकी धर्मपत्नी एडवोकेट दीपिका मित्तल, पार्षद श्रीमती शालू पाल, भाजपा नेत्री श्रीमती पिंकी सागर सहित बड़ी संख्या में लोग एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने माँ संतोषी के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया तथा कन्या पूजन में सहभागिता करते हुए समस्त क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की।
नवरात्रि के इस पावन अवसर पर कन्या पूजन के माध्यम से एडवोकेट प्रमोद मित्तल ने सनातन संस्कृति के प्रति अपनी आस्था व्यक्त करते हुए बेटियों के सम्मान, सामाजिक संस्कारों और जनसेवा के संकल्प को दोहराया।
