सशक्त उत्तराखंड,नैनीताल। कुमायूँ परिक्षेत्र के अंतर्गत पिथौरागढ़, अल्मोड़ा, बागेश्वर एवं नैनीताल जनपदों के न्यायालयों को ई-मेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकियां मिलने की सूचना की संवेदनशीलता को देखते हुए कुमायूँ पुलिस ने तत्काल उच्चस्तरीय सतर्कता लागू करते हुए सभी जनपद प्रभारियों को सख्त दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। पुलिस महानिरीक्षक कुमायूँ परिक्षेत्र रिद्धिम अग्रवाल के निर्देशानुसार सभी न्यायालय परिसरों की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया गया है। न्यायालयों के प्रवेश द्वारों पर डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर स्थापित कराए गए हैं तथा हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर के माध्यम से प्रत्येक आगंतुक की गहन जांच सुनिश्चित की जा रही है। पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती कर सुरक्षा घेरा मजबूत किया गया है।
बम निरोधक दस्ता एवं डॉग स्कॉड की टीमें नियमित रूप से न्यायालय परिसरों में सर्चिंग और एंटी सबोटाज चेकिंग अभियान चला रही हैं साथ ही सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से परिसर में आनेजाने वाले प्रत्येक व्यक्ति पर सतत निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। निर्देशित किया गया है कि यदि किसी प्रकार की धमकी या संदिग्ध सूचना प्राप्त होती है तो बिना किसी अफरातफरी की स्थिति उत्पन्न किए निर्धारित एसओपी एवं जनपद सुरक्षा योजना के अनुरूप न्यायालय परिसर को सुरक्षित रूप से खाली कराया जाए और त्वरित कार्रवाई की जाए।
अफवाहों पर नियंत्रण के लिए मीडिया को समयबद्ध एवं तथ्यात्मक ब्रीफिंग देने के निर्देश दिए गए हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है तथा भय या भ्रम फैलाने वाले तत्वों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। स्थानीय अभिसूचना इकाइयों को सक्रिय कर महत्वपूर्ण सूचनाओं का संकलन किया जा रहा है। साथ ही धमकी भरे ई.मेल भेजने वाले अज्ञात व्यक्तियों की पहचान और ट्रेसिंग के लिए एसटीएफ के साथ समन्वय स्थापित कर विधिक कार्यवाही प्रारंभ कर दी गई है। कुमायूँ पुलिस ने आमजन को आश्वस्त किया है कि स्थिति पूर्णतः नियंत्रण में है और न्यायालय परिसरों की सुरक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता पर सुनिश्चित की जा रही है।
