सशक्त उत्तराखंड,पंतनगर। गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, पंतनगर में केन्द्रीय गोवंश अनुसंधान संस्थान, मेरठ द्वारा संचालित अखिल भारतीय पशु शोध समन्वित परियोजना-फ्रिजवाल के अंतर्गत ग्राम मखवारा फार्म कृत्रिम गर्भाधान केन्द्र-बरा एवं ग्राम टिगरी कृत्रिम गर्भाधान केन्द्र-सितारगंज में पशुपालकों एवं वैज्ञानिकों के बीच किसान चौपाल का आयोजन किया गया। दोनों चौपालों में कुल 46 पशुपालकों ने प्रतिभाग किया।
किसान चौपाल का उद्घाटन पशु प्रजनन विभाग के प्राध्यापक एवं परियोजना अधिकारी डॉ. बृजेश सिंह ने किया। उन्होंने परियोजना के उद्देश्यों एवं पशुपालकों को इससे मिलने वाले लाभों की जानकारी देते हुए वैज्ञानिक पशुपालन में उचित प्रबंधन के महत्व पर प्रकाश डाला।
आई.सी.ए.आर. एमेरिटस प्राध्यापक डॉ. शिव प्रसाद ने पशुओं में बांझपन की समस्या, इसके कारणों, बचाव एवं उपचार के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने पशुपालकों को पशुपालन के तकनीकी आयामों को अपनाकर उन्नत एवं वैज्ञानिक पशुपालन करने की सलाह दी।
चौपाल के दौरान पशुपालकों का पंजीकरण एवं सामग्री वितरण कु. आराधना फुलार द्वारा किया गया। धन्यवाद प्रस्ताव शिवांशु तिवारी ने प्रस्तुत किया। ग्राम मखवारा में 28 तथा ग्राम टिगरी में 18 पशुपालकों ने प्रतिभाग किया।
